गन्ना विभाग का रोजगार मिशन शुरू!

15,440 विद्यार्थियों को मिलेगा कौशल विकास प्रशिक्षण, पहले चरण में 3,500 छात्रों को प्लेसमेंट सहायता

लखनऊ, 11 जून 2026। उत्तर प्रदेश के युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा, कौशल विकास और आत्मनिर्भरता से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग तथा वाधवानी फाउंडेशन की अनुषंगी संस्था स्किल्स डेवलपमेंट नेटवर्क (SDN) के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस साझेदारी का उद्देश्य सहकारी गन्ना समितियों के सहयोग से संचालित शिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को आधुनिक उद्योगों की मांग के अनुरूप प्रशिक्षित करना है।

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

रोजगारपरक शिक्षा को मिलेगा बढ़ावा

गन्ना विभाग के अनुसार प्रदेश में सहकारी गन्ना समितियों के सहयोग से संचालित 9 इंटर कॉलेजों एवं महाविद्यालयों में लगभग 15,440 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। नई पहल के तहत विद्यार्थियों को पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ रोजगारपरक कौशल, उद्यमिता और करियर विकास संबंधी प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा, जिससे वे रोजगार एवं स्वरोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर सकें।

प्रथम चरण में 3,500 विद्यार्थियों को विशेष प्रशिक्षण

समझौते के अंतर्गत पहले चरण में लगभग 3,500 विद्यार्थियों को 75 से 90 घंटे का विशेष कौशल विकास प्रशिक्षण दिया जाएगा। अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों के लिए 120 यूनिट का “एम्प्लॉयबिलिटी स्किल प्रोग्राम” संचालित किया जाएगा, जिसमें प्रभावी संवाद कौशल, साक्षात्कार तैयारी, व्यक्तित्व विकास, प्रस्तुतीकरण कला, डिजिटल साक्षरता, नेतृत्व क्षमता और कार्यस्थल व्यवहार जैसे विषय शामिल होंगे।

बेटियों के कौशल विकास पर रहेगा विशेष फोकस

बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान के अनुरूप छात्राओं के कौशल विकास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। उन्हें रोजगारोन्मुखी एवं व्यावसायिक प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में विशेष प्रयास किए जाएंगे, जिससे वे विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित LMS होगा उपलब्ध

वाधवानी फाउंडेशन द्वारा विद्यार्थियों और शिक्षकों को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) आधारित अत्याधुनिक लर्निंग मैनेजमेंट सिस्टम (LMS) निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। इस डिजिटल प्लेटफॉर्म पर वीडियो लेक्चर, इंटरैक्टिव कंटेंट, अभ्यास सामग्री, मूल्यांकन मॉड्यूल और अन्य शिक्षण संसाधन उपलब्ध रहेंगे। विद्यार्थी ऑनलाइन और हाइब्रिड मोड में अपनी सुविधा के अनुसार अध्ययन कर सकेंगे।

युवाओं में विकसित होगी उद्यमशीलता की सोच

कार्यक्रम के अंतर्गत ‘एंटरप्रेन्योरियल माइंडसेट प्रोग्राम’ भी संचालित किया जाएगा। इसके माध्यम से विद्यार्थियों को स्टार्टअप, व्यवसाय प्रबंधन, नवाचार, जोखिम प्रबंधन और स्वरोजगार के अवसरों के बारे में जानकारी दी जाएगी, ताकि वे केवल नौकरी तलाशने वाले नहीं बल्कि रोजगार सृजित करने वाले युवा बन सकें।

राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ देंगे मार्गदर्शन

विद्यार्थियों को उद्योग जगत की नवीनतम प्रवृत्तियों से अवगत कराने के लिए समय-समय पर राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों द्वारा ऑनलाइन और ऑफलाइन कार्यशालाएं, मास्टर क्लास, करियर काउंसलिंग एवं प्रेरक सत्र आयोजित किए जाएंगे। इससे युवाओं को भविष्य की रोजगार आवश्यकताओं और नई तकनीकों की जानकारी प्राप्त होगी।

प्लेसमेंट और इंटर्नशिप में भी मिलेगा सहयोग

वाधवानी फाउंडेशन स्थानीय से लेकर राष्ट्रीय स्तर के उद्योगों के साथ समन्वय स्थापित कर विद्यार्थियों को प्लेसमेंट सहायता और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने में सहयोग करेगा। साथ ही इंटर्नशिप के अवसरों से भी छात्रों को जोड़ा जाएगा।

प्रतिभाशाली गरीब विद्यार्थियों को मिलेगा विशेष सहयोग

गन्ना आयुक्त ने निर्देश दिए हैं कि आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को गन्ना समितियों एवं चीनी मिलों के सहयोग से पुस्तकें और मोबाइल फोन निःशुल्क उपलब्ध कराए जाएं। इसके अलावा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शीर्ष 20 विद्यार्थियों को प्रोत्साहन पुरस्कार भी दिए जाएंगे।

शिक्षा को उद्योगों की जरूरतों से जोड़ने की बड़ी पहल

गन्ना विभाग का मानना है कि वर्तमान समय में केवल डिग्री पर्याप्त नहीं है। उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप व्यवहारिक ज्ञान, तकनीकी दक्षता, संचार कौशल और नेतृत्व क्षमता विकसित करना भी उतना ही जरूरी है। यह समझौता प्रदेश के युवाओं को राष्ट्रीय और वैश्विक रोजगार बाजार की मांगों के अनुरूप तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

एमओयू पर इन अधिकारियों ने किए हस्ताक्षर

एमओयू पर वाधवानी फाउंडेशन की ओर से कार्यकारी उपाध्यक्ष सुनील दहिया तथा गन्ना आयुक्त की ओर से अपर गन्ना आयुक्त (समितियां) डॉ. वी.बी. सिंह ने हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम में अपर गन्ना आयुक्त (प्रशासन) अभिषेक आनंद, अपर गन्ना आयुक्त (विकास) वी.के. शुक्ल, अपर गन्ना आयुक्त (क्रय) विश्वेश कनौजिया सहित विभागीय अधिकारी, कॉलेजों के प्राचार्य एवं क्षेत्रीय अधिकारी ऑनलाइन माध्यम से उपस्थित रहे।