October 14, 2026 3:02 PM

Krishi Times

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झांसी में RKVY-NPSHF योजना के तहत मृदा जांच अभियान!

भोजला गांव में मृदा नमूना संग्रह अभियान, किसानों को दी गई संतुलित उर्वरक उपयोग की सलाह!

झांसी। राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (RKVY) के अंतर्गत संचालित राष्ट्रीय परियोजना मृदा स्वास्थ्य एवं उर्वरता (NPSHF) योजना के तहत जनपद झांसी में मृदा नमूना एकत्रीकरण अभियान को गति दी जा रही है। इसी क्रम में तहसील सदर के विकासखंड बड़ागांव स्थित ग्राम भोजला में किसानों के खेतों से वैज्ञानिक विधि से मृदा नमूने एकत्र किए गए।

अभियान के दौरान संयुक्त कृषि निदेशक, झांसी मंडल, डॉ. विपिन बिहारी द्विवेदी तथा सहायक निदेशक, क्षेत्रीय भूमि परीक्षण प्रयोगशाला, झांसी मंडल, कुलदीप कुमार मिश्रा ने कृषक हरगोविंद पुत्र रामनाथ के खेत से मृदा नमूना संग्रह किया।

इस अवसर पर क्षेत्रीय भूमि परीक्षण प्रयोगशाला के अध्यक्ष अंकुर चौरसिया, विषय वस्तु विशेषज्ञ धर्मराज मीणा सहित क्षेत्र के कई किसान उपस्थित रहे। कार्यक्रम में कृषक पवन यादव, शिवचरण, विनोद कुमार वर्मा, सुनील यादव एवं प्रमोद दोहरे समेत अन्य किसानों ने भी भाग लिया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. विपिन बिहारी द्विवेदी ने किसानों को मृदा नमूना लेने की वैज्ञानिक विधि तथा मृदा परीक्षण के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नियमित मृदा जांच से खेत की पोषक तत्व स्थिति का सही आकलन किया जा सकता है, जिससे फसल की आवश्यकता के अनुसार उर्वरकों का संतुलित उपयोग संभव होता है।

वहीं, सहायक निदेशक कुलदीप कुमार मिश्रा ने किसानों को सलाह दी कि मृदा परीक्षण के उपरांत प्राप्त मृदा स्वास्थ्य कार्ड के अनुसार ही खेतों में उर्वरकों का प्रयोग करें। इससे उत्पादन लागत कम होने के साथ-साथ मिट्टी की उर्वरता एवं उत्पादकता भी लंबे समय तक बनी रहती है।

कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन के माध्यम से किसानों को वैज्ञानिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है, जिससे फसल उत्पादन में वृद्धि और भूमि की गुणवत्ता संरक्षण दोनों सुनिश्चित किए जा सकें।

चित्र: सौजन्य कृषि विभाग यूपी