आईएफएडी उपाध्यक्ष और कृषि सचिव की मुलाकात

”सतत कृषि और ग्रामीण विकास: आईएफएडी और भारत के बीच सहयोग को लेकर बैठक” नई दिल्ली: अंतर्राष्ट्रीय कृषि विकास कोष (आईएफएडी) के एसोसिएट उपाध्यक्ष  डोनल ब्राउन ने कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के सचिव डॉ. देवेश चतुर्वेदी से कृषि भवन में मुलाकात की। इस बैठक का उद्देश्य भारत और आईएफएडी के बीच साझेदारी को मजबूत … Read more

कृषि विज्ञान केंद्र पोकरण: युवा बन रहे आत्मनिर्भर

युवा वैज्ञानिक टीम किसानों के उत्थान हेतु संकल्पित: डॉ दशरथ पोकरण। कृषि विज्ञान केंद्र पोकरण के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं अध्यक्ष डॉ. दशरथ प्रसाद ने नवलाराम फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी के किसान सेवा केंद्र का उद्घाटन किया। इस अवसर पर क्षेत्र के लगभग 35 किसानों ने भाग लिया। अपने उद्घाटन संबोधन में डॉ. दशरथ ने कहा कि … Read more

भारत को हल्दी का ग्लोबल हब बनाने का लक्ष्य

 भारत का लक्ष्य 2030 तक हल्दी निर्यात को 1 बिलियन अमेरिकी डॉलर तक बढ़ाना। नई दिल्ली, राष्ट्रीय हल्दी बोर्ड के शुभारंभ के बाद, ICRIER और Amway इंडिया ने ‘मेकिंग इंडिया द ग्लोबल हब फॉर टरमरिक” शीर्षक से अपनी संयुक्त रिपोर्ट जारी की। इस रिपोर्ट में हल्दी किसानों की चुनौतियों और वैश्विक बाजार में भारत की … Read more

खेती की दुनिया को लेकर भारत-जर्मनी के बीच संवाद

भारत-जर्मनी कृषि सहयोग: जैविक खेती और डिजिटल कृषि में नई संभावनाएं ग्लोबल लेवल पर भारत कृषि जगत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। जर्मनी के साथ कृषि सहयोग को लेकर संवाद हुआ। जर्मनी के राजदूत डॉ. फिलिप एकरमैन ने कृषि भवन में कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय (एमओएएंडएफडब्‍ल्‍यू) के सचिव डॉ. देवेश चतुर्वेदी से मुलाकात की। … Read more

सहजन का निर्यात अमेरिका, यूरोप और अफ्रीका तक पहुंचा

  सहजन की खेती, कम लागत में ज्यादा मुनाफा भारत जैसे कृषि प्रधान देश में सहजन की खेती एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। सहजन, जिसे मोरिंगा या ‘ड्रमस्टिक’ के नाम से भी जाना जाता है, एक अत्यधिक पौष्टिक और औषधीय गुणों से भरपूर पौधा है। इसकी खेती न केवल किसानों की आय बढ़ा रही है, … Read more

अजोला की खेती: बेहतर भविष्य की संभावना

भारत में अजोला की खेती की आवश्यकता अजोला एक प्रकार की तैरने वाली जलीय फर्न है, जिसे भारत में पशु चारे और जैविक खाद के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। यह अत्यधिक पोषक तत्वों से भरपूर है और किसानों के लिए कम लागत में अधिक फायदा प्रदान करने वाली खेती के रूप में उभर … Read more

महामारी की तैयारी और पशुधन वैक्सीन नवाचार

हैदराबाद में महामारी की तैयारी और वैक्सीन नवाचार पर सम्मेलन  हैदराबाद – मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय के तहत पशुपालन और डेयरी विभाग ने इंडियन इम्यूनोलॉजिकल्स लिमिटेड और राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (एनडीडीबी) के सहयोग से “महामारी की तैयारी और वैक्सीन नवाचार पर सम्मेलन” आयोजित किया। नीति आयोग के स्वास्थ्य सदस्य प्रो. डॉ. विनोद के … Read more

बांस की खेती के है अनेक फायदे

पर्यावरण को भी बांस की खेती से लाभ   भारत सरकार बांस की खेती को बढ़ावा देने के लिए कई कदम उठा रही है। बांस तेजी से बढ़ने वाली फसल है। इसकी फार्मिंग के कई फायदे है। National Bamboo Mission के जरिए किसानों को तकनीकी मदद और सब्सिडी दी जाती है । 2017 में भारतीय … Read more

पैदावार बढ़ाने में मदद करता है मधुमक्खी पालन

  किसानों की दोस्त है मधुमक्खियां मधुमक्खी पालन, जिसे एपीकल्चर (Apiculture) कहा जाता है, न केवल शहद उत्पादन के लिए बल्कि आर्थिक, पर्यावरणीय, और सामाजिक दृष्टिकोण से भी अत्यधिक लाभकारी है। यह व्यवसाय किसानों, पर्यावरण संरक्षण, और स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।  आर्थिक लाभ मधुमक्खी पालन से किसानों को अतिरिक्त आय का स्रोत मिलता है। शहद, मोम, पराग, प्रोपोलिस, और रॉयल जेली जैसे … Read more

जापानी बटेर का कारोबार, कम लागत अधिक मुनाफा

बटेर पालन: भारत में कम लागत और उच्च लाभ वाला व्यवसाय भारत में बटेर पक्षी का कारोबार बेहतर मुनाफे का सौदा है। खासकर जापानी बटेर का पालन किसानों के लिए एक अतिरिक्त आय का साधन है। बाजार में एक जापानी बटेर औसतन 65 से 75 रुपए में बिकता है। जापानी बटेर को “अंडा मशीन” भी … Read more