🟢 वाराणसी में केंद्रीय कृषि मंत्री का दौरा: ICAR-IIVR की हाइटेक नर्सरी मॉडल की सराहना
वाराणसी। -जनपद वाराणसी में देश के केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan का ICAR-Indian Institute of Vegetable Research (आईसीएआर-आईआईवीआर) में आगमन हुआ। इस दौरान उन्होंने कृषक उत्पादक संगठन एवं औद्यानिक विपणन सहकारी समिति लिमिटेड, टिकारी द्वारा संचालित हाइटेक नर्सरी का भ्रमण कर वहां विकसित की जा रही उन्नत पौध उत्पादन तकनीकों का अवलोकन किया।
मंत्री ने नर्सरी में गुणवत्तापूर्ण सब्जी पौध उत्पादन प्रणाली, संरक्षित खेती (Protected Cultivation), ड्रिप सिंचाई, रोगमुक्त रोपाई सामग्री एवं किसानों को दी जा रही तकनीकी सेवाओं की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।
🌱 हाइटेक नर्सरी मॉडल से किसानों की आय में बढ़ोतरी
भ्रमण के दौरान मंत्री ने कहा कि इस प्रकार की हाइटेक नर्सरी पहलें किसानों को गुणवत्तापूर्ण पौध उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनकी आय दोगुनी करने के लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक पद्धति से तैयार पौध से उत्पादन लागत कम होती है और उपज की गुणवत्ता बेहतर होती है, जिससे बाजार में बेहतर मूल्य मिलता है।
उन्होंने संगठन के अध्यक्ष अमित सिंह एवं उनकी टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए किसान हित में ऐसे मॉडलों को अन्य जिलों में भी विस्तार देने का आह्वान किया।
👨🌾 किसानों से सीधा संवाद
इस अवसर पर मंत्री ने उपस्थित किसानों से संवाद करते हुए आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने, सामूहिक खेती मॉडल को मजबूत करने तथा मूल्य संवर्धन (Value Addition) गतिविधियों को बढ़ावा देने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि किसान उत्पादक संगठन (FPO) मॉडल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने में अहम भूमिका निभा रहा है।
मंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि यह संगठन भविष्य में भी क्षेत्रीय किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण और सब्जी उत्पादन क्षेत्र में नवाचार का केंद्र बनेगा।
👥 अधिकारी व प्रगतिशील किसान रहे मौजूद
कार्यक्रम में संयुक्त कृषि निदेशक शैलेंद्र कुमार, उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल, जिला कृषि अधिकारी संगम सिंह, संस्था के अध्यक्ष अमित सिंह, सचिव डॉ. रामकुमार राय, संरक्षक अनिल कुमार सिंह सहित अनेक प्रगतिशील किसान उपस्थित रहे। संरक्षक द्वारा मंत्री को अंगवस्त्र भेंट कर आत्मीय स्वागत किया गया।
🔎 क्यों महत्वपूर्ण है यह दौरा?
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वाराणसी क्षेत्र में सब्जी उत्पादन को बढ़ावा
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गुणवत्तापूर्ण बीज एवं पौध की स्थानीय उपलब्धता
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किसानों की लागत में कमी और लाभ में वृद्धि
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FPO मॉडल के माध्यम से सामूहिक विपणन को मजबूती
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आत्मनिर्भर कृषि और निर्यात संभावनाओं को बल
विशेषज्ञों के अनुसार, यदि इस प्रकार की हाइटेक नर्सरी मॉडल को राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर विस्तार दिया जाए तो सब्जी के पैदावार में क्रांतिकारी बदलाव संभव है।
चित्र: सौजन्य सोशल मीडिया Krishi Vibhag Gov UP


























